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व्हाट्सअप यूनिवर्सिटी आज की सबसे बड़ी विडंबना है-प्रेममूर्ति पूज्यश्री प्रेमभूषण महाराज।

 व्हाट्सअप यूनिवर्सिटी आज की सबसे बड़ी विडंबना है-प्रेममूर्ति पूज्यश्री प्रेमभूषण महाराज।


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वसई-"आओ गायें रामकथा घर घर में" आध्यात्मिक आंदोलन की देश विदेश तक अलख जगाने वाले, मानस के सिद्ध साधक, व्यवहार घाट के ओजस्वी प्रवक्ता,क्रन्तिकारी संत प्रेममूर्ति पूज्यश्री प्रेमभूषण महाराज के व्यासत्व में बिजेन्द्र रामचंद्र सिंह द्वारा आयोजित 21फरवरी से 1मार्च तक वसंत नगरी ग्राउण्ड, वसई पूर्व में नौ दिवसीय मानस महाकुंभ में प्रेममूर्ति पूज्यश्री प्रेमभूषण महाराज ने रामकथा गंगा प्रवाहित करते हुए कहा कि जीवन में  कुछ प्रयत्न से कुछ जुगाड़ सेऔर बहुत कुछ भगवत कृपा से प्राप्त होता है।धर्म,परमार्थ की यात्रा का भी सुयोग भगवत कृपा से ही प्राप्त होता है और इस भगवत सेवा के सुअवसर को भी जीवन की सबसे बड़ी उपलब्धि मानना चाहिए।पूज्यश्री प्रेमभूषण महाराज ने खेद व्यक्त करते हुए कहा कि आजकल सबसे आसान व्हाट्सअप यूनिवर्सिटी है जो केवल भेजता है जानता कुछ भी नही और यही आज के समाज की सबसे बड़ी विडंबना है।


सतयुग में ध्यान के द्वारा,त्रेता में गुरुकुलों के द्वारा,द्वापर में जीव की गति के अनुसार उसकी मति कथा सुनती है और कलयुग में जाकर कथा सुनने की विधि है।

 कथा व्यास ने कहा कि जीवन में किसी प्रकार का संशय नही होना चाहिए क्योंकि संशय के जले बिना श्रध्दा जन्म नही लेती।

किसी भी व्यक्ति से भगवान को न मनवाया जाये।सनातनियों की भीड़ हर जगह है,इससे बचा जाये प्रत्येक सनातनी को पंच देवों की पूजा के अलावा किसी की भी पूजा नही करना चाहिए।अपनी जाति से अवमाननना प्राप्त होना संसार का सबसे बड़ा दुःख है।धर्म समन्वित जीवन से ही सुख प्राप्त होता है।बड़े बड़े संस्थान के लोग जाति-पाति समाप्त करने पर लगे हुए है इससे बचा जाये क्योंकि इसकी रचना मनुष्य ने नही स्वयं भगवान ने बनायी है।प्रेममूर्ति पूज्यश्री प्रेमभूषण महाराज ने शिवविवाह की कथा को सुनाकर कथा सत्र  को विराम दिया। 

उल्लेखनीय है कि,सुप्रसिद्ध समाजसेवक बिजेन्द्र रामचंद्र सिंह के आध्यात्मिक उत्थान की सहभागी उनकी धर्मनिष्ठा पत्नी श्रीमती मीरा बिजेन्द्र सिंह के पावन संकल्प से बिजेन्द्र रामचंद्र सिंह द्वारा आयोजित  मानस महाकुंभ के भाव स्वरूप में यह पाँचवी दिव्य श्रीरामकथा है।भाजनात्म रामकथा के लिए सुप्रसिध्द प्रेममूर्ति पूज्यश्री प्रेमभूषण महाराज ने अपने वैशिष्टय के अनुसार रामकथा में प्रसंगानुसार श्रोताओं को लोकप्रिय भजनों को  सुनाकर भावविभोर कर दिया।

 रामकथा में श्रोताओं की अपार भीड़ के बीच शिवसेना नेता विक्रम प्रताप सिंह, नगरसेविका कल्पना नगपुरे, नगरसेवक अभय कक्कड़, नगरसेवक विशाल जाधव,समाजसेवक कुँवर संजय सिंह,,राघवेंद्रसेवा मंच के अध्यक्ष सुरेंद्र मिश्र, भाजपा नेता दीपकनंदलाल सिंह,भाजपा नेता जयप्रकाश सिंह, हम रामजी के रामजी हमारे हैं सेवा ट्रस्ट मुम्बई के प्रधान गणेश अग्रवाल एवं सचिव अविनाश मिश्रा,आर. डी. सिंहअमित सिंह मास्टर, सनी सिंह, विशाल सिंह,श्रीमती अशोका तिवारी, समाजसेविका सुधा दूबे, निशा शर्मा,प्रिया सिंह रेखा गुप्ता, सरिता चौबे, कथा की व्यवस्था को संभालने वाले प्रिंस बिजेन्द्र सिंह आदि गणमान्य जनों ने भी मानस महाकुंभ में अवगाहन करके   पुण्य लाभ प्राप्त किया।

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