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जिला पंचायत रिसोर्स सेंटर गौरीगंज में तीन दिवसीय जनपद स्तरीय सरस मेले का शुभारंभ।

जिला पंचायत रिसोर्स सेंटर गौरीगंज में तीन दिवसीय जनपद स्तरीय सरस मेले का शुभारंभ।


स्वयं सहायता समूहों को मिला विपणन का सशक्त मंच, 26 स्टॉल लगाए गए।

मंडल ब्यूरो चीफ रामधनी शुक्ला

अमेठी। जिला पंचायत रिसोर्स सेंटर, गौरीगंज के प्रांगण में राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (NRLM) के अंतर्गत तीन दिवसीय जनपद स्तरीय सरस मेले का भव्य आयोजन किया गया। मेले का शुभारंभ जिलाधिकारी संजय चौहान ने फीता काटकर किया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में स्वयं सहायता समूहों की महिलाएं, अधिकारीगण एवं आमजन उपस्थित रहे। सरस मेले में जनपद अमेठी के सभी 13 विकासखंडों से जुड़ी स्वयं सहायता समूहों द्वारा कुल 26 स्टॉल लगाए गए हैं। इन स्टॉलों पर समूहों द्वारा निर्मित खाद्य पदार्थ, हस्तशिल्प, घरेलू उपयोग की वस्तुएं एवं अन्य उत्पाद प्रदर्शित एवं बिक्री हेतु उपलब्ध कराए गए हैं। इसके साथ ही पशुपालन विभाग एवं उद्यान विभाग द्वारा भी अपने-अपने विभागों से संबंधित जानकारी एवं उत्पादों के स्टॉल लगाए गए हैं। मेले का उद्देश्य स्वयं सहायता समूहों द्वारा तैयार उत्पादों के प्रचार-प्रसार, विपणन और आय वृद्धि के अवसर उपलब्ध कराना है, जिससे ग्रामीण महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाया जा सके। इस अवसर पर जिलाधिकारी ने उत्कृष्ट कार्य करने वाली पांच बीसी सखियों—राधा कुमारी, बीना रानी, निकिता यादव, अकाना एवं प्रतिभा—को प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया। साथ ही छह स्वयं सहायता समूहों—साईं बाबा, सुषमा देवी, राधिका, शिव शक्ति, राधे-राधे एवं श्रद्धा स्वयं सहायता समूह—को सामुदायिक निवेश निधि (CIF) के डेमो चेक वितरित किए गए। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिलाधिकारी ने कहा कि सरस मेला ग्रामीण महिलाओं की कड़ी मेहनत, कौशल और आत्मनिर्भरता का जीवंत उदाहरण है। ऐसे आयोजन स्वयं सहायता समूहों को अपने उत्पादों के लिए बाजार उपलब्ध कराते हैं और उनकी आर्थिक स्थिति को मजबूत करते हैं। उन्होंने कहा कि महिलाएं आज केवल स्वयं तक सीमित नहीं हैं, बल्कि अपने परिवार और समाज की आर्थिक प्रगति में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। प्रशासन की ओर से समूहों को हर संभव सहयोग दिया जाएगा ताकि वे आगे बढ़कर स्थायी आजीविका का सशक्त माध्यम बन सकें। सरस मेले के दौरान उपस्थित महिलाओं एवं आमजन से भी जिलाधिकारी ने अपील की कि वे स्थानीय स्वयं सहायता समूहों द्वारा निर्मित उत्पादों को प्राथमिकता दें और ‘लोकल से वोकल’ की भावना को सशक्त करें। इस अवसर पर जिलाधिकारी ने आईटी सखी और ई मार्केटिंग विकसित करने के निर्देश डीसी एनआरएलएम को दिए। इस अवसर पर प्रभारी मुख्य विकास अधिकारी वीरभानु सिंह, डीसी एनआरएलएम प्रवीणा शुक्ला, डीसी मनरेगा शेर बहादुर, पीडी डीआरडीए ऐश्वर्य यादव डीईएसटीओ पन्नालाल सहित अन्य संबंधित अधिकारी, स्वयं सहायता समूहों की महिलाएं, लाभार्थी एवं जनसामान्य उपस्थित रहे।





श्री न्यूज़ 24 से मंडल ब्यूरो चीफ शुकुल बाजार अमेठी से रामधनी शुक्ला

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